कामुकता विहीन लड़की का कायाकल्प- 1

Antarvasna Desi Sex Stories Family Sex Stories First Time/Virgin Sex Stories Hindi Sex Stories Incest Sex Stories Indian Sex Stories

फ्रिजिड टीन पोर्न स्टोरी में पढ़ें कि मेरी सेटिंग दो चचेरी बहनों से थी. एक तो खूब मजे लेकर सेक्स करती पर दूसरी बिना किसी मजे के चुदवा लेती. उसे मैंने कैसे मजा दिया.

मेरी पिछली कहानी

में आपने पढ़ा कि कैसे दारू के सुरूर मैंने और पिंकू ने तूफानी सेक्स का टीन पोर्न का आनंद लिया.

लेकिन शर्मीली सोनू ने अनमनेपन से नाम मात्र का ही साथ दिया।
इसलिए मैंने पिंकू के साथ मिल कर सोनू की झिझक मिटाने का प्लान बनाया।

अब आगे फ्रिजिड टीन पोर्न स्टोरी:

हम लोग अब सोने के नाम से बेडरूम में आ गए, पर असली उद्देश्य तो कुछ और ही था।

मेरा बेड 9’X 9’ का बहुत ही मजबूत बना हुआ है, इतना कि उस पर तीन लोग कुश्ती करें तो भी चूँ की आवाज़ ना निकले।

सिरहाना बिल्कुल एक गद्देदार सोफे की शक्ल में है जैसे किसी 9′ लंबाई के सोफे की सीट को आगे की तरफ 9 फुट बढ़ा दिया गया हो।
उसपे सभी शेप्स और साइज के बहुत सारे रंग बिरंगे कुशन्स और तकिये रखे हुए हैं।

हम तीनों लोग पूरी तरह निर्वस्त्र अवस्था में अपनी अपनी स्टैंडर्ड पोजीशन, मैं बीच में और पिंकू और सोनू मेरे दायें बाएँ पहलुओं में सोने की कोशिश करने लगे।

मैंने सोनू की गुदाज छातियों पर हाथ फेरते हुए फुसफुसा कर कहा– तो फिर बजवाने के लिए तैयार हो न मेरी जान?
वो तो पहले ही समझ रही थी कि पिंकू के बाद अब उसकी ही चुदाई का नंबर लगेगा।
लेकिन उसके लिए तो मरवाने का मतलब बस टांगें फैला कर लेट जाना और दूसरे को ही जो वो चाहे करने देना होता है।

अपनी आदत के मुताबिक उसने एक झीनी सी औपचारिक मुस्कान देकर सहमति में सर हिला दिया।
उसे क्या मालूम कि आज का नज़ारा कुछ और ही होने वाला है।

“ठीक है, मैं ज़रा वाशरूम हो कर आता हूँ!” मैं पिंकू को आँख मारते हुए बोला और उठ कर बाथरूम चला गया।

इधर प्लानिंग के मुताबिक मेरे जाते ही पिंकू लाड़ दुलार की एक्टिंग करते हुए सोनू से लिपट गई और उसे अपने आगोश में ले लिया.
या उसकी छोटी सी देह को देखते हुए यूं कहें कि खुद उसके आगोश में समा गई।

बड़ी चालाकी के साथ पिंकू ने सोनू की दायीं बांह अपने नीचे दबा ली और उसके कंधे पर सर रख कर सोने की एक्टिंग करने लगी।
तभी मैं बाथरूम से आया और सोनू के पिंकू की ओर करवट लेने से खाली हुई जगह पर सोनू की बायीं साइड में लेट गया।

मैंने झूठमूठ बुरा मानने की एक्टिंग करते हुए सोनू की बाई बांह अपने नीचे दबाई और उसके आगोश में समा गया।
अब सोनू की दोनों बांहें हमारे नीचे दब कर पूरी तरह जाम (स्थिर) हो चुकी थी।

लेकिन सोनू अभी भी इसे नॉर्मल ही ले रही थी।

फिर मैंने अपने बाईं टांग घुटने से मोड़ते हुए सोनू की बायीं टांग में हुक की तरह फंसा ली।
पिंकू ने भी अपनी दायीं टांग से ऐसा ही किया।

अब सोनू की दोनों टांगें भी जाम (स्थिर) हो चुकी थी। उसका सर से लेकर जांघों तक का बदन पूरी तरह नग्न था।
यह एक तरह से विदेशी ब्लू फिल्मों में दिखायी जाने वाली स्प्रेड ईगल पोजीशन ही थी।

वो लोग इसमें मखमली लाइनिंग लगी हथकड़ी और बेड़ी यूज़ करते हैं।
कहते हैं कि ऐसी बेबसी जैसी हालत में लड़की का एक्सायटमेन्ट दस गुना बढ़ जाता है।

लेकिन ऐसे सेक्स ट्वाएज़ इंडिया में बैन हैं और मैं गैरकानूनी कामों में विश्वास नहीं रखता। 

अब सोनू चौंकती हुई बोली- अरे अरे … यह तुम लोग क्या साजिश कर रहे हो?
“देखती जाओ मेरी जान! तुम्हें जन्नत की सैर पे ले चल रहे हैं!” मैं उसके गाल को चिकोटी से मसलते हुए बोला।

सोनू तो अब फंस ही चुकी थी और जानती थी कि अब हम लोग रुकने वाले नहीं थे, इसलिए मुंह फुला कर चुपचाप लेटी रही।

हम देर तक उसकी चूचियों से खेलते रहे।
मैंने और पिंकू ने एक एक चूची आपस में बाँट ली और उन्हें निचोड़ना, सहलाना शुरू कर दिया।
कभी कभी उसके निप्पलों को भी उमेठने लगते। कभी अपनी बांहों को कुछ लंबा करके उसकी नाभि की भी मालिश करने लगते।

एक साथ एक जनाने और एक मरदाने हाथ का स्पर्श सोनू के लिए एक अलग ही अनभव रहा होगा।
काफी रोकने की कोशिश के बाद भी कभी सोनू के मुंह से हल्की सी ऊह आह निकल जाती तो वो एक झेंपती हुई सी मुस्कान दे देती।

काफी देर तक उसकी चूचियों और अपनी हथेलियों को स्पर्श सुख देने के बाद अब हमने सोनू के चेहरे पर ध्यान केन्द्रित किया।

हम दोनों ने ही सोनू के अपनी अपनी साइड के कान की सेवा शुरू करी।
उसकी इयर लोब्स को चूसा, पूरे कान को चाटा, सामने की घुंडी की क्लिट की तरह ही अपनी जबान से मालिश करी और ईअर केनाल को जीभ से चोदा।

पिंकू अभी अभी अपने कान में यह सब मुझसे करवा चुकी थी इसलिए पूरी निपुणता के साथ इस काम में लगी थी।

अपनी बेबसी के चलते, सोनू काफी उत्तेजित हो रही होगी. लेकिन शायद अपनी जिद में ज्यादा शो नहीं कर रही थी।

खैर अब हमने उसके गालों पर धावा बोला और अपने अपने हिस्से के गालों को चाटना चूसना और दांतों से काटना शुरू करा।

कभी कभी दाँत ज़ोर से लग जाते तो सोनू चिहुँक पड़ती।
तब हम धीरे धीरे उसके गालों को चूस चाट कर उसको मानो तसल्ली देते।

उसका काले मस्से वाला गाल मेरी साइड पर ही था, जिसे देख देख कर मैं पागल हुआ जा रहा था।
मैंने उसके मस्से के अनगिनत चुंबन लिए और अपनी जीभ रगड़ी।

पिंकू बिल्कुल एक प्रोफेशनल की तरह मेरे इन्स्ट्रक्शंस को फॉलो कर रही थी और अच्छी शागिर्द की तरह सब सीख रही थी।
इस बात पर उसको इनाम के तौर पर मैं कभी कभी उसके होंठों पर चुंबन दे देता।

फिर हमने सोनू के होंठों को चूमना और चूसना शुरू करा।
पिंकू चूस कर हटती तो मैं चूमने लगता।
या फिर कभी एक साथ ही पिंकू ऊपर का और मैं नीचे का होंठ चूसने लगते।

एक साथ दो जीभों, दो जोड़ी होंठों और दो ही जोड़ी दांतों को अपने शरीर पर महसूस करना एक अलग ही आउट ऑफ दिस वर्ल्ड अनुभव रहा होगा।

हम दोनों ने अपनी जीभें एक साथ उसके मुंह में घुसेड़ कर डीप किसिंग का थ्रीसम भी किया।

फिर बारी बारी से पहले पिंकू के मुंह में सोनू और मैंने अपनी जीभ डाल कर यही काम किया.
और फिर मेरे मुंह में उन दोनों ने अपनी अपनी जीभ डाली तो मैं दोनों की जीभों को एक साथ ज़ोर ज़ोर से चूसता रहा।

उम्मीद के मूताबिक ही सोनू की इस काम में अधिक दिलचस्पी ना देख, मैंने एक गेम सजेस्ट करा जिसमें हम तीनों ने ही अपने अधखुले होंठ एक दूसरे के साथ मिलते हुए एक त्रिकोण सा बना लिया और एक दूसरे के मुंह में अपनी जीभ घुसाने की कोशिश करने लगे।
जिसके मुंह में दोनों जीभ घुस जाएंगी, उसको -1 और जिनकी घुसी होंगी उन दोनों को ही +2, +2 पॉइंट मिलेंगे।

ऐसे दस राउंड के बाद सबसे कम स्कोर वाला हारा माना जाएगा और उसे बाकी दोनों जो सजा देंगे वो मंजूर करनी पड़ेगी।

हार के डर से सोनू ने भी बहुत तेजी के साथ अपनी जीभ अंदर बाहर करते हुए हमारे मुंह में घुसाने की कोशिश शुरू कर दी।
हम तो खैर पहले से ही ऐसा कर रहे थे।

इससे कार्यक्रम में एक जान आ गई।

आखिर पूरी कोशिश के बाद भी सोनू हार ही गई।

पिंकू की एनेर्जी और फुर्ती का कोई सानी नहीं है।
मैंने पिंकू के मुंह को भरपूर चूमते हुए बधाई दी और सोनू के होंठों को चूसते हुए सांत्वना।
इस गेम का नाम मैंने “टंग वार” रखा। 

फिर मैंने और पिंकू ने सोनू के गले और कंधों के चुंबन लेते हुए उसकी चूचियों की तरफ बढ़ना शुरू करा।
इससे सोनू के हाथ हमारे नीचे से छुटकारा पा गए लेकिन मैंने और पिंकू ने भी अपनी उँगलियाँ सोनू की उँगलियों में पिरो ली।

अब हमने उसकी चूचियों का भी बंटवारा कर लिया और अपने अपने हिस्से की चूची की सेवा शुरू करी।
पहले पूरे स्तन पर हल्की हल्की चुम्मियां लीं, फिर जीभ घुमाते हुए उन्हें चाटा और फिर आखिरकार निप्पलों को जीभ की नोक से छेड़ छेड़ कर खड़े करने के बाद मुंह में लेकर चूसने लगे।

हम दोनों ही कभी निप्पलों को चूसते तो कभी पूरे बोबे को मुंह में भर भर कर सक्शन पम्प की तरह सक,ब्लो और पम्प करते।

सोनू की हमारे हाथों में पिरोयी हुई उँगलियाँ उसकी उत्तेजना के बैरोमीटर का काम कर रही थीं।
कभी वो हमारी उँगलियों को कस कर जकड़ लेतीं तो कभी ढीली पड़ जातीं।

दोनों चूचियों पर एक साथ दो दो जीभों और दो दो जोड़ी होंठों का अनुभव उसके लिए पागल कर देने वाला था।
उसके मुंह से दबी दबी उईईए … उफ्फ्फ … सीईई … जैसी आवाजें निकल रही थीं।

देर तक उसके स्तनों को चूसने चाटने और दांतों से काटने के बाद मैंने अपने और पिंकू के लिए एक और गेम डिजाइन करा।
इसमें हमें अपनी आँखों पर आईशेड चढ़ा कर सोनू के पेट पर लगातार रैनडम ब्लाईंड पुच्चियाँ लेनी थी और जिसका भी मुंह उसकी नाभि पर पड़ता उसको नाभि को अपने हिसाब से दो मिनट तक चाटना और चूसना होता था।

सोनू को इस काम में कितना मजा आ रहा है, यह तो उसकी उँगलियों का बैरोमीटर हमें बता ही रहा था।
इसका जज हमने सोनू को ही बनाया।

इस गेम में मैंने बाजी मार ली।
दस राउंड में आठ में मेरा ब्लाइंड निशाना सही बैठा था।

सजा मैंने सोच रखी थी लेकिन चुप रहा।

अब तक सोनू के मुंह से धीमी धीमी सिसकारियाँ निकलने लगी थीं – बर्फ पिघलना शुरू हो रही थी। 

हमने अब और नीचे का सफर तय करते हुए सोनू की चूत का रुख किया।
मैंने क्लिटोरिस को चुटकी में भर कर मसलना और कुचलना शुरू करा तो पिंकू ने उसकी चूत के लिप्स सहलाने शुरू करे।

करीब पाँच मिनट तक ऐसे ही करने के बाद मैंने दो उँगलियाँ उसकी चूत में डाल कर मालिश शुरू करी।
उसका जी स्पॉट मिल ही नहीं रहा था।

उसी समय पिंकू ने अपनी उँगलियों पर ढेर सारा थूक लगा कर उन्हें सोनू की गांड में घुसा दिया।

अब दोनों छेदों में एक साथ घर्षण से सोनू काफी उत्तेजित हो रही थी और अपने होंठों को कास के बंद करे रहने के बावजूद वो आःह्ह उफ्फ फ्फ श्ह्ह्ह ह्ह् जैसी आवाज़ों को निकलने से नहीं रोक पा रही थी।

मुझे अपनी ओर देखते पाकर उसने एक खिसियाई सी हंसी पास करी लेकिन अभी भी अपने मुंह से खुल कर सेक्स की इच्छा नहीं जताई और ज्यादा दिलचस्पी न होने का दिखावा करती रही।

खैर हमारा ट्रीटमेंट भी कहाँ पूरा हुआ था!
हमने सोनू की गुदाज जांघों से ले कर पंजों तक हज़ार बोसे लिए।

हम तीनों ही हाँफ रहे थे लेकिन बर्फ पिघलने की मंज़िल अभी दूर ही थी।

खैर अब सेकंड डोज़ का टाइम था। 

पाँच मिनट यूं ही सुस्ताने के बाद हमने पोजीशन बदलीं।
मैंने बेड के सोफे नुमा हेड रेस्ट से पीठ टिका कर बैठते हुए सोनू को अपनी गोद में खींच लिया और पीछे से बगलों के नीचे से हाथ बढ़ा कर उसकी चूचियां मसलते हुए उसकी पीठ पर जीभ घुमा घुमा कर चाटने और चुंबन लेने लगा।

धीरे धीरे पीठ पर ही ऊपर बढ़ते हुए मेरे होंठ उसकी गर्दन तक पहुंचे।
वहां पर जी भर कर चूमने चाटने का मजा लेने के बाद फिर बारी बारी से उसके दोनों कानों के पीछे और गालों पर अठखेलियां करने लगे।

उसके मुंह को पीछे की ओर घुमा कर उसके होंठों के कोनों को भी चूमा चाटा।

इस सबके बीच मेरी हथेलियों के नीचे उसके निप्पलों में बढ़ता हुआ तनाव उसकी बढ़ती हुई उत्तेजना की गवाही दे रहा था।

देर तक उसकी पीठ गर्दन कानों की सेवा करने के बाद मुझे उसके निचले हिस्से का ध्यान आया।

अब पिंकू सोनू की टांगों को फैला कर उनके बीच में पेट के बल अधलेटी सी पोजीशन में उसकी चूत को ताकने लगी और मैंने सोनू के दाईं तरफ आ कर अपनी बाईं बांह के कोहनी जाइंट को उसके सर का क्रेडल (तकिया) बनाते हुए, हाथों से उसके बाएँ हाथ की उँगलियों में फिर से अपनी उँगलियाँ पिरो लीं।
उसकी दायीं बांह तो मेरे नीचे दबी हुई ही थी।

पीछे से मेरे हटने के बाद सोनू फिर से हेड रेस्ट पर अधलेटी मुद्रा में आ गई।

क्यूंकि पिंकू का कार्य क्षेत्र नीचे शिफ्ट हो गया था इसलिए सोनू के पूरे चाँद से रौशन चेहरे और दोनों दूध के लोटों पर मेरा ही अधिकार था।

अब योजना के अनुसार पिंकू ने सोनू की दायीं जांघ के अंदर की ओर बहुत धीमे धीमे, फ़ीदर टच किस देने शुरू करे।
और अपने किस्सियों का दायरा बढाते हुए चूत और गाँड़ के बीच के हॉट स्पॉट से गुजरती हुई दूसरी जांघ तक पहुंची.

फिर वापसी का सिलसिला शुरू हुआ।
यह साइकल दस बारह बार चला।

इधर मैं भी कदमताल मिलाते हुए सोनू के गले के ऊपरी भाग से अपनी फ़ीदर टच किस्सियों का काफिला शुरू कर के दायें कपोलों से होते हुए माथे, नाक, आँख, लिप्स, ठोड़ी पर किस्सियों की बौछार करते हुए बाएँ गाल पर पहुंचा, अपने फेवरिट मस्से पर थोड़ा ज्यादा देर मंडराया और स्टार्टिंग पॉइंट पर पहुँच कर वापसी के सफर पर रवाना हुआ।

मैंने भी काफी देर तक यह साइकल रिपीट किया।

लड़कियों को उत्तेजित करने के किए यह फ़ीदर टच किस्सियाँ राम बाण साबित होती है।

हमारे होंठों का दबाव धीरे धीरे बढ़ते हुए होंठों की सख्त रगड़ में तब्दील हो रहा था।
सोनू का सुनहरा चेहरा लगातार रगड़ और उत्तेजना से गुलाबी हो चला था।

फिर हमने ज़ोर ज़ोर से पुच्च पुच्च की आवाज़े निकलते हुए उसके पूरे चेहरे और जंघाओं पर पुच्चियों की बौछार कर दी।  

अब मैंने अपने होंठों से सोनू के पूरे चेहरे को पहले की तरह ही प्यार से चूसना शुरू करा।

पिंकू ने भी मुझे फॉलो करते हुए जंघाओं पर ऐसा ही करना चालू करा।

फिर मैंने पूरे चेहरे पर नन्ही नन्ही लव बाइट्स की बौछार की।

पिंकू एक अच्छी स्टूडेंट साबित होते हुए बहुत जल्दी पिकअप कर रही थी। उसने ऐसी ही नन्हीं लव बाइट्स सोनू की जंघाओं पर बनाई।
इससे उत्तेजना के साथ साथ सोनू के चेहरे और जंघाओं पर छरछराहट भी होने लगी थी।

मैंने उसके चेहरे को जीभ घुमा घुमा कर चाटना शुरू करा।

बीच बीच में फूँक भी मारता जाता जिससे सोनू को कुछ ठंडक महसूस होती।

पिंकू ने भी मेरी कॉपी करते हुए सोनू की जंघाओं को ऐसे ही चाट चाट कर और फूँ फूँ करके राहत पहुंचाई।

कहने की ज़रूरत नहीं कि मैंने सोनू की चूचियों को बिल्कुल भी नज़रअंदाज़ नहीं किया था।
मेरा फ्री वाला हाथ लगातार सोनू की चूचियों से खेल रहा था।
लेकिन खास ध्यान उसके चेहरे पर ही था।

बीच बीच में मैं पिंकू के बालों में उंगलियां फिरा कर या उसके गाल सहला सहला कर उसे भी शाबाशी दे रहा था।

इस फ्रिजिड टीन पोर्न स्टोरी पर अपने विचार अवश्य बताएं.

फ्रिजिड टीन पोर्न स्टोरी का अगला भाग:

Related Posts

Leave a Reply

DMCA Notice: RedHotStories.com respects the intellectual property rights of others and complies with the Digital Millennium Copyright Act (DMCA). If you believe that any content on this website infringes upon your copyright, please send a detailed notice to admin@redhotstories.com including: (1) your contact information, (2) a description of the copyrighted work you claim has been infringed, (3) the exact URL(s) of the allegedly infringing material, (4) a statement that you have a good faith belief that use of the material is not authorized by the copyright owner, and (5) a statement made under penalty of perjury that the information in your notice is accurate and that you are authorized to act on behalf of the copyright owner. Upon receiving a valid DMCA request, we will review and remove the infringing content promptly.